यह ब्लॉग अंतर्मन के मंथन से निकले हुए सुंदर विचारों का एक गुलदस्ता है जो सीधे हमारे हृदय को स्पर्श करते हैं और निरंतर अच्छा करने की प्रेरणा देते हैं|
लोकप्रिय पोस्ट
-
आज के युग में संबंधों की गरिमा ताक पर है। संबंध बनाना जितना सरल है , उतना ही कठिन है उसे निभाना क्योंकि आपसी संबंधों को मजबूती देने के लिए न...
-
सम्मान उस निवेश की तरह है जो हमें वैसे ही वापस मिलता है जैसे हमने दूसरों को दिया था। जितना सम्मान अथवा अपमान हम दूसरों का करते हैं वह सारे क...
-
अक्सर संबंधों में सबसे महत्वपूर्ण कड़ी होती है एक दूसरे को गहराई से समझना एवं भावनात्मक संबल देना। सबसे शक्तिशाली से शक्तिशाली व्यक्ति भी ...
-
कहावत है परिश्रमी पर लक्ष्मी सदैव प्रसन्न रहती हैं। यह कहावत उन पर बिल्कुल सटीक बैठती है जो अपने कर्मों से अपने भाग्य की लकीरों को बदल देते ...
-
अंतर्मन की परतें काफी गहन और विस्तृत है। वस्तुतः जो कुछ भी हमारे जीवन में घटता है उसका निर्माण पहले हमारे अंतः करण में होता है। उस घटना की...
-
जब भी साहस के धनी एवं अभूतपूर्व कार्य करने वालों की चर्चा होती है तो उन लोगों का नाम जबान पर आता है जिन्होंने मुश्किलों से हार कर कभी पीछे म...
-
अनेकों व्यक्तियों का स्वभाव बड़ा ही व्यंग्यात्मक होता है। वह किसी से भी सीधे मुंह बात नहीं करते और सदा ही तंज कसते कसते रहते हैं। ऐसे व्यक्त...
-
मीठे बोल का महत्व कौन नहीं जानता ? बिगड़ते हुए कार्य प्रेम मिश्रित बोलो से बन जाते हैं , परिवार में पड़ी दरारें भावना के साथ बोले गए मीठे ...
-
मुस्कान वास्तव में ऐसा गुण है जो जीवित प्राणियों में भगवान ने केवल मनुष्य में ही डाला है। जब मन उदास हो , हताश हो और हारा हुआ महसूस करता हो...
-
हर ज्ञानी का पतन एक दिन उसके अहंकार के कारण ही हुआ है। इतिहास गवाह है कि जिसने अपने ज्ञान को संभाल कर नहीं रखा , उसे समय के साथ तराशा नहीं ...
बुधवार, 28 अप्रैल 2021
विपत्ति में मुस्कान
गुरुवार, 19 नवंबर 2020
आत्ममंथन
कहावत है आईना कभी झूठ नहीं बोलता और
इसीलिए अधिकांश व्यक्ति स्वयं का स्वयं से सामना करने में झिझकते हैं,डरते हैं।
वास्तव में दुनिया में सबसे कठिन कार्य खुद का सामना करना ही है। जो स्वयं का
सामना कर सकता है, अपनी ही बुराइयों का शमन कर सकता है, वह जग जीत सकता है। अपनी कमजोरियों को जीतना
मतलब जग को जीतने की तैयारी करना।
अधिकांश व्यक्ति इससे अनभिज्ञ रहते हैं
एवं जीवन भर भी दूसरों की बुराई और दुर्गुणों को देखने में बिताते हैं। तो आज से
आत्ममंथन को अपने जीवन का एक अभिन्न अंग मानकर उसे अपनी दिनचर्या में शामिल करें
फिर देखें अपने में बदलाव।
सोमवार, 19 अक्टूबर 2020
आत्मबल
आपका आत्मबल वह अनोखा गुण है जो
परमात्मा ने एक रत्न की तरह तराशकर हर व्यक्ति में डाला है। विषम परिस्थितियों में
जब हर ओर अंधेरा ही अंधेरा दिखाई देता है तब कहीं से उम्मीद की एक रोशनी का
साक्षात्कार होता है जो कहीं और से नहीं हमारे अंदर से ही अवतरित होती है। आत्मिक
साहस वह महान गुण हैं जिसे परमात्मा ने सभी में पूरे मन से भरा है।
ऐसे अनेक उदाहरण हैं जब असंभव की दिखती
हुई परिस्थितियों में कई अनोखे कार्य हुए हैं जो और किसी बल पर नहीं बल्कि आत्म बल
के भरोसे हुए हैं । वास्तव में वही बलवान है जिसने आत्मबल का महान भंडार अपने अंदर
सुरक्षित रखा है। यह वह धन है जो आपसे कोई चोर नहीं चोरी कर सकता ना कोई आपसे छीन
सकता है। इसे बनाए रखें, यही हर स्थिति में आपका परम मित्र है।
मंगलवार, 13 अक्टूबर 2020
साहस
आज के इस तनाव भरे समय में हर कोई अपना
आत्म बल जैसे खोने लगा है एवं मानसिक शांति के लिए भटक रहा है। आज व्यक्ति के पास
धन – संपदा, पद ,प्रतिष्ठा सभी कुछ है और आज से अधिक विलासिता एवं वैभव पहले मनुष्य
के पास नहीं था। साधनों की कोई कमी नहीं होते हुए भी आज मनुष्य सबसे अधिक खाली हैं, अंतर्मन से
हारा हुआ है अतः ऐसे समय में उस व्यक्ति का मूल्य तो सबसे अधिक हो
जाता है जो मानव के मन में साहस एवं आत्मबल का संचार करें।
वास्तव में मानव के हृदय में
सकारात्मकता का प्रकाश फैलाना एवं मन से हारे हुए व्यक्ति को उठ के खड़े होने के
लिए प्रेरित करना सबसे बड़ा महान कार्य है। आज व्यक्ति को भौतिक साधनों से अधिक
मानसिक शक्ति एवं आत्मबल की आवश्यकता है। जो यह कर सके वह परमात्मा का सच्चा बच्चा
है।
ख़ुशी की खुराक
आज का समय जैसे बड़ा ही निराशाजनक समय है जब लोग अपने घरों में बंद है एवं एक दूसरे से ना तो संपर्क कर पा रहे हैं और ना ही एक साधारण जीवन जी पा...
-
आज के युग में संबंधों की गरिमा ताक पर है। संबंध बनाना जितना सरल है , उतना ही कठिन है उसे निभाना क्योंकि आपसी संबंधों को मजबूती देने के लिए न...
-
सम्मान उस निवेश की तरह है जो हमें वैसे ही वापस मिलता है जैसे हमने दूसरों को दिया था। जितना सम्मान अथवा अपमान हम दूसरों का करते हैं वह सारे क...
-
अक्सर संबंधों में सबसे महत्वपूर्ण कड़ी होती है एक दूसरे को गहराई से समझना एवं भावनात्मक संबल देना। सबसे शक्तिशाली से शक्तिशाली व्यक्ति भी ...



